बरेली हिंसा मामले में बड़ा एक्शन! पढ़ें क्या हुआ?

बरेली, 1 अक्टूबर, 2025 : उत्तर प्रदेश के बरेली में 26 सितंबर को जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा के मामले में पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी कड़ी में, पुलिस ने हिंसा भड़काने और पुलिस पर फायरिंग करने के दो और आरोपियों को मुठभेड़ (Encounter) के बाद गिरफ्तार कर लिया है। बरेली के सीबीगंज थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों इदरिस और इकबाल के पैर में गोली मारकर उन्हें पकड़ा।
लूटी गई एंटी-रायट गन बरामद
पुलिस के अनुसार, इन दोनों आरोपियों पर हिंसा के दौरान पुलिस पर फायरिंग करने और एक सिपाही की सरकारी एंटी-रायट गन (Anti-Riot Gun) लूटने का आरोप था।
1. कैसे हुई गिरफ्तारी: मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बंडिया नहर हाइवे पुलिया के पास आरोपियों को घेरा। खुद को घिरा देख उन्होंने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैरों में गोली लगी, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
2. हथियार और बाइक बरामद: पुलिस ने आरोपियों के पास से लूटी गई सरकारी राइफल, 2 तमंचे, कारतूस, एक बाइक और मोबाइल फोन बरामद किया है। पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि वे लूटी हुई राइफल को बेचने जा रहे थे।
आरोपियों का आपराधिक इतिहास
गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी शाहजहांपुर के रहने वाले हैं और उनका लंबा आपराधिक इतिहास है।
1. इदरिस उर्फ बोरा: 50 वर्षीय इदरिस के खिलाफ चोरी, डकैती, गैंगस्टर और आर्म्स एक्ट (Arms Act) के तहत करीब 20 मुकदमे दर्ज हैं।
2. इकबाल: 48 वर्षीय इकबाल के खिलाफ भी चोरी, डकैती और आर्म्स एक्ट जैसे 17 मामले दर्ज हैं।
अब तक 73 गिरफ्तार, SIT कर रही जांच
बरेली हिंसा मामले में पुलिस का एक्शन लगातार जारी है।
1. कुल गिरफ्तारियां: अब तक मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा और पूर्व जिलाध्यक्ष नदीम खान समेत 73 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
2. SIT का गठन: मामले की जांच के लिए 10 सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है, जो CCTV फुटेज और अन्य सबूतों की जांच कर रही है।
3. हिंसा की वजह: पुलिस जांच में सामने आया है कि हिंसा से एक दिन पहले एक व्हाट्सएप ग्रुप में डाले गए भड़काऊ मैसेज ने लोगों को उकसाया था, जिसके बाद शांतिपूर्ण प्रदर्शन हिंसक हो गया।
