नई दिल्ली। 2003 में वर्ल्ड कप का फाइनल हारने वाली और फिर 2007 के वनडे वर्ल्ड कप के लीग दौर से बाहर होने वाली भारतीय टीम के लिए आशा की किरण साल 2007 के टी20 वर्ल्ड कप के जीतने के बाद जगी थी। भले ही 20-20 ओवरों वाले फॉर्मेट के वर्ल्ड कप को भारत ने जीता हो, लेकिन अपनी चिर-प्रतिद्वंदी टीम पाकिस्तान पर मिली खिताबी जीत से भारतीय क्रिकेट की जान में जान आ गई थी, क्योंकि वो एक ऐसा दौर था जब टीम से आत्मविश्वास हो गया था।एमएस धौनी की कप्तानी में युवा भारतीय टीम ने टी20 वर्ल्ड कप जीता था, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस वर्ल्ड कप में सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली और राहुल द्रविड़ जैसे दिग्गज क्यों नहीं खेल पाए थे? अगर नहीं जानते हैं तो आज जान जाएंगे, क्योंकि भारतीय टीम के तत्कालीन मैनेजर लालचंद राजपूत ने एक बड़ा खुलासा किया है। सचिन, गांगुली और द्रविड़ जैसे दिग्गजों की जगह रोहित शर्मा, रोबिन उथप्पा, जोगिंदर शर्मा और युसुफ पठान जैसे खिलाड़ी खेले थे।स्पोर्ट्सकीड़ा के फेसबुक पेज पर लाइव चैट करते हुए 2007 में भारतीय टीम के मैनेजर रहे लालचंद राजपूत ने खुलासा किया है कि यह द्रविड़ थे जिन्होंने 2007 के टी20 विश्व कप में सचिन और सौरव को नहीं खेलने के लिए मनाया था। उनसे जब ये पूछा गया कि क्या राहुल द्रविड़ ने सचिन और गांगुली से युवा खिलाड़ियों को मौका देने की वजह से टी20 वर्ल्ड कप में नहीं खेलने के लिए कहा था? इस पर उन्होंने कहा, "हां, ये बिल्कुल सत्य है।"राजपूत ने कहा है, "राहुल द्रविड़ इंग्लैंड में टीम के कप्तान थे और कुछ खिलाड़ी इंग्लैंड से सीधे जोहान्सबर्ग (टी 20 विश्व कप के लिए) आए थे, इसलिए उन्होंने कहा कि 'युवाओं को मौका दें', लेकिन विश्व कप जीतने के बाद जब उन्होंने विश्व कप जीता तब हमें इसका पश्चाताप करना चाहिए था, क्योंकि सचिन हमेशा मुझे बताते रहे कि मैं इतने सालों से खेल रहा हूं और मैंने अभी भी विश्व कप नहीं जीता है। अंततः, वह 2011 में जीते, लेकिन वह उस विश्व कप को जीतने के लिए मरे जा रहे थे और इस टीम ने पहले प्रयास में जीत हासिल की।"टी20 विश्व कप में मिली जीत को लेकर लालचंद राजपूत ने कहा है, "मैं 2007 T20 विश्व कप टीम का क्रिकेट मैनेजर था। यह एक बड़ी चुनौती थी, क्योंकि यह एक युवा टीम थी। कुछ अनुभवी खिलाड़ी थे, लेकिन असली सीनियर्स इस टीम के साथ नहीं खेले। यह मेरे लिए एक वास्तविक अवसर था, क्योंकि मैं पहली बार कोच था, एमएस धौनी पहली बार कप्तान थे। इसलिए, हमने वास्तव में अच्छा प्रदर्शन किया।"

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