-बाल मुकुन्द ओझा (वरिष्ठ लेखक एवं पत्रकार) राजस्थान मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ सहित पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव के चलते नेताओं के बीच विवादित बयानबाजी का दौर जारी है। जिस तरह से एक के बाद एक नेता विवादित बयान दे रहे हैं, उसकी वजह से चुनावी माहौल में सरगर्मी बढ़ गई है। विवादित बयान देने में कांग्रेस और भाजपा सहित कोई भी नेता पीछे नहीं है। सब एक दूसरे पर अटैक कर उसको भी अपनी रणनीति का हिस्सा मान रहे हैं। अमर्यादित बयानों की जैसे झड़ी लग गई है। राजनीति में बयानबाजी का स्तर इस तरह नीचे गिरता जा रहा है उसे देखकर लगता है हमारा लोकतंत्र तार तार हो रहा है। कहा जाता है अभी तो यह ट्रेलर है 2019 के लोकसभा चुनाव में विवादित बयानबाजी की पिक्चर बाकी है। चुनावी राजनीति में इन दिनों आपत्तिजनक और विवादित बयानों को लेकर हंगामा मचा हुआ है। सियासत में विवादास्पद बयान को नेता भले अपने पॉपुलर होने का जरिया मानें, लेकिन ऐसे बयान राजनीति की स्वस्थ परंपरा के लिए ठीक नहीं होते। चुनावी सीजन आते ही नेताओं की गंदी बात शुरू होजाती है। यह बेहद दुखद है कि पिछले कुछ सालों से भारत में राजनीतिक-वैचारिक पतन तो हुआ ही है, साथ ही राजनीति की भाषा स्तरहीन और गंदी हो गई है। हमारे माननीय नेता आजकल अक्सर ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे हमारा सिर शर्म से झुक जाता है। देश के नामी-गिरामी नेता और मंत्री भी मौके-बेमौके कुछ न कुछ ऐसा बोल ही देते हैं, जिसे सुनकर कान बंद करने का जी करता है। जो किसी भी हालत में लोकतान्त्रिक और सभ्य समाज के अनुकूल नहीं कही जा सकती। किसी नेता को चोर, लुटेरा तथा बलात्कारी बताया जा रहा है तो किसी को गधा , कुत्ता, तड़ीपार और गेंडा बताया जा रहा है। राहुल गाँधी प्रधानमंत्री को चोर कह कर लोकतंत्र की मर्यादा लाँघ रहे है। पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के नेता विलासराव मुत्तेमवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर सवाल उठाया तो कांग्रेस नेता राज बब्बर ने डॉलर के मुकाबले रुपये के मूल्य में गिरावट की मोदी की वयोवृद्ध माता की उम्र से तुलना कर दी थी। कांग्रेस के नेता सीपी जोशी ने मोदी और उमा भारती सहित कईयों की जातियों को लेकर विवादित टिप्पणी की। कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे अक्सर अपने बयानों को लेकर चर्चा में रहते हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और भारतीय जनता पार्टी के नेताओं के घर के एक कुत्ते ने भी देश की आजादी के लिये बलिदान नहीं दिया। इसी भांति दिग्गी राजा,कपिल सिब्बल, शशि थरूर आदि नेता अपने विवादित बयानों के लिए कुख्यात है। भाजपा में भी विवादित बयान देने वालों की कमी नहीं है। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने प्रधान मंत्री मोदी पर हलके और ओछे बयान देने का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेताओं का मानना है की मोदी ने अपने सस्ते विवादित बयानों से देश में माहौल बिगाड़ा है। केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह लगातार आपत्तिजनक बयान देते रहते है। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी को पप्पू के नाम से प्रचारित कर भाजपा नेता अपनी कुत्सित मानसिकता का परिचय देते है। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अली और बजरंगबली पर बयान झाड़ रहे है। राजनीति में पिछले एक दशक से गंदे और विवादित बोल बोले जा रहे है। बिहार चुनाव में मोदी को राक्षस और नर पिशाच तक कहा गया। यूपी और गुजरात चुनाव में भी इसकी पुनरावृति हुई। देश में कई नेता अपने विवादित बयानों के लिए सुर्खियों में रहे है। इनमें दिग्गी राजा, लालू और उसके बेटे, मणिशंकर अय्यर, केजरीवाल ,गिरिराज सिंह, आजम खान ,असदुद्द्दीन ओवैसी फारुख अब्दुला, मायावती और ममता प्रमुख है जिनके बयानों से गाहे बगाहे राजनीति की मर्यादाएं भंग होती रहती है। विधान सभा के चुनाव ने लोकतंत्र की मर्यादाओं को तार तार करके रख दिया है। जैसे-जैसे चुनाव आगे बढ़ते जा रहे हैं, नेताओं की जुबान तल्ख और गंदी होती जा रही है। रामायण और महाभारत के युद्धों में भी कभी ऐसे सियासी बोल सुनने को नहीं मिले जो देशवासियों को चुनाव में सुनने को मिल रहे है। देवासुर संग्राम की भी कुछ मर्यादा थी मगर पांच राज्यों के चुनाव ने दिन में तारे दिखा दिए है। लोकतंत्र को भीषण क्षति पहुँचाने में सभी राजनीतिक दल और नेता एक दूसरे को पीछे छोड़ रहे है। पार्टी विथ डिफरेंस का दावा करने वाली पार्टी भाजपा इस समय केंद्र में सत्तारूढ़ है। इस पार्टी के नेताओं के बयानों से पूरा देश आहत है। प्रधान मंत्री भी ऐसे ऐसे बोल बोल रहे है जो हमारी लोकतान्त्रिक परम्पराओं को धवस्त कर रहे है। आजादी के गर्भ से निकलने वाली कांग्रेस पार्टी ने अपने गंदे बोलों से जैसे लोकतंत्र की बुनियाद को हिलाकर रख दिया है। किसी को सरे आम बलात्कारी और माफिया बताया जा रहा है तो कोई सुन्दर चेहरे की बात कर रहा है। कहीं बेटियों की इज्जत पर हमला हो रहा है तो कहीं जाति और धर्म की बात हो रही है। कहीं प्रधानमंत्री को रावण बताया जा रहा है। डी-32, मॉडल टाउन, मालवीय नगर, जयपुर मो.- 9414441218, E-mail : bmojha53@gmail.com

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