हिमाचल में कमर्शियल एलपीजी की किल्लत, होटल एसोसिएशन ने सरकार को लिखा

शिमला, 13 मार्च 2026 : कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिलने से हिमाचल प्रदेश का पर्यटन व्यवसाय प्रभावित होने लगा है। होटल एसोसिएशन ने राज्य सरकार को एक पत्र लिखकर LPG की कमी को लेकर चिंता जाहिर की है।
खाड़ी देशों अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध के कारण देश के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश में कमर्शियल एलपीजी की किल्लत हो गई है। हालांकि घरेलू गैस की फिलहाल परेशानी नहीं है, लेकिन आने वाले दिनों में दिक्कत आ सकती है। कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिलने से हिमाचल प्रदेश का पर्यटन व्यवसाय प्रभावित हो रहा है।
हिमाचल होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहिंदर कुमार सेठ ने राज्य सरकार को एक पत्र लिखकर LPG की कमी को लेकर चिंता जाहिर की है। उन्होंने कहा कि यदि कमर्शियल LPG सिलेंडर मुहैया नहीं कराए गए तो एक-दो दिन में होटल बंद करने की नौबत आ जाएगी। दो दिन से कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिल रहे। इससे गेस्ट और होटल स्टाफ को खाना पकाना मुश्किल हो गया है। उन्होंने केंद्र व राज्य सरकार से जल्द सिलेंडर मुहैया कराने का आग्रह किया है।
सरकार का दावा आपूर्ति सामान्य
वहीं खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग हिमाचल प्रदेश के निदेशक राम कुमार गौतम ने कहा है कि हिमाचल प्रदेश में घरेलू रसोई गैस की कोई कमी नहीं है। लोगों को पैनिक होकर एडवांस बुकिंग करने की आवश्यकता नहीं है। प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में घरेलू गैस उपलब्ध है और गैस की सप्लाई भी नियमित रूप से प्रदेश को मिल रही है ऐसे में लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है।
लोग घबराहट में एडवांस बुकिंग बहुत ज्यादा कर रहे हैं। ओवरलोड की वजह से गैस एजेंसियों की बुकिंग वेबसाइट भी बंद हो गई हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि अनावश्यक घबराए नहीं और जरूरत के मुताबिक ही गैस की बुकिंग करें। 25 दिन के बाद लोगों को नया रसोई गैस सिलेंडर दिया जा रहा है।
आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति जारी
वहीं कमर्शियल सिलेंडर की कमी को लेकर भी निदेशक ने कहा कि सरकार के निर्देश अनुसार स्वास्थ्य और शिक्षण संस्थानों में प्राथमिकता के आधार पर गैस उपलब्ध करवाई जा रही है और उसके बाद उपलब्धता के मुताबिक अन्य निजी व्यावसायिक संस्थानों को सिलेंडर उपलब्ध करवाए जा रहे हैं।
रोजाना 25 हजार की खपत
हिमाचल प्रदेश में रोजाना औसतन 25,000 घरेलू गैस सिलेंडरों की खपत होती है, जबकि 2500 के करीब व्यावसायिक सिलेंडरों की दैनिक आवश्यकता रहती है। राज्य में लगभग 24.26 लाख घरेलू और 56,000 के करीब व्यावसायिक गैस उपभोक्ता हैं।
