दुनिया

दुनिया (4374)

बोगोटा। ड्रग तस्करी के भंडार कोलंबिया में एक 6 साल के कुत्ते सोंब्रा का पता लगाने या पकड़कर लाने वाले को 7000 डॉलर का ईनाम दिया जाएगा। जी हां, कोलंबिया के ड्रग तस्‍करों का जीना हराम कर देने वाले जर्मन शेफर्ड प्रजाति के सोंब्रा ने यहां की पुलिस को सूटकेस, नावों और फलों के शिपमेंट के जरिए हो रही तस्‍करी में कोकीन का पता लगाने में मदद की है। लेकिन अपनी इस गुण के चलते आजकल वह कोलंबिया के पावरफुल ड्रग गैंग के निशाने पर है।
सोंब्रा को लेकर अलर्ट है कोलंबिया पुलिस;-कोलंबिया पुलिस ने हाल में ही बताया कि ड्रग तस्करों के गिरोह की ओर से सोंब्रा को पकड़ने या इसका पता लगाने वाले को 7,000 डॉलर यानि लगभग 50,000 रुपये का ईनाम देने का ऐलान किया है। इसके बाद वहां की पुलिस सोंब्रा को लेकर सतर्क हो गई है और उसके लिए सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं। 6 घंटे की शिफ्ट पूरा करने के बाद सोंब्रा को वैन में भेजा गया। आमतौर पर उसके साथ दो सशस्‍त्र गार्ड होते हैं। ऑफिसर जोस रोजस ने बताया, ‘उसकी सुरक्षा की जिम्‍मेवारी हमारी है।’
ड्रग तस्करों के बीच सोंब्रा का खौफ;-सोंब्रा नामक यह कुत्ता कोलंबिया के पुलिस विभाग में काम करता है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इस कुत्ते की मदद से कोलंबिया पुलिस ने अभी तक 245 अपराधियों को गिरफ्तार किया है। सोंब्रा की ड्यूटी दो बड़े एयरपोर्ट पर लगाई गई है| जहां पर इसने 2 साल में करीब 68 करोड़ रुपये का ड्रग पकड़वाने में मदद की है।कोलंबिया में नार्कोटिक्‍स के खेल को खत्म करने में पुलिस विभाग में सूंघने की विशेष क्षमता वाले ये कुत्ते महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कोलंबिया से पूरी दुनियाभर में ड्रग तस्करी होती हैं और यह ड्रग कारोबार के लिए जाना जाता है। यहां पर सालों से ड्रग तस्कर अपना-अपना कारोबार जमाए बैठे हैं। जिसमें अब सोंब्रा की वजह से बाधा आ रही है। सोंब्रा के हैंडलर रोजस ने बताया कि जब भी वह पुलिस की मदद करती है तो उसे ईनाम में बॉल दिया जाता है।

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के होने वाले नए वजीर-ए-आज़म और पीटीआइ प्रमुख इमरान खान 11 अगस्त को प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने वाले हैं। लेकिन इस खास मौके पर आपको कोई भी विदेशी मेहमान नजर नहीं आएगा। जैसे इमरान खान ने डी-चौक या परेड ग्राउंड जैसी खुली जगह पर शपथ ग्रहण करने का फैसला बदल दिया। ठीक उसी तहत, अब मेहमानों की लिस्ट में भी बदलाव कर दिया गया है। पीटीआइ प्रमुख ने अब फैसला किया है कि शपथ समारोह में विदेश गणमान्य समेत किसी भी सेलिब्रिटी को नहीं बुलाया जाएगा।
नहीं होगी कोई फिजूलखर्ची:-क्रिकेटर से राजनेता बने इमरान खान की प्रधानमंत्री बनने की लंबी इच्छा अब पूरी होने जा रही है। इसका जश्न मनाने के लिए पार्टी (PTI) ने शुरुआत में भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, बॉलीवुड के सुपरस्टार अमीर खान और क्रिकेट हस्तियों कपिल देव, सुनील गावस्कर और नवजोत सिंह समेत कई विदेशी व्यक्तित्वों को आमंत्रित करने की योजना बनाई थी। हालांकि इमरान का एक बार फिर हृदय परिवर्तन हो गया और उन्होंने कहा कि समारोह सादे ढंग से होगा, इसमें कोई चकाचौंध नहीं होगी। पीटीआइ के प्रवक्ता फवाद चौधरी ने कहा, 'पीटीआइ अध्यक्ष ने शपथ ग्रहण समारोह को साधारण ढंग से आयोजित करने का निर्देश दिया है। वह ऐवान-ए-सदर (राष्ट्रपति भवन) में एक साधारण समारोह में अपनी शपथ लेंगे।' उन्होंने बताया, 'यह निर्णय लिया गया है कि समारोह में कोई भी विदेश गणमान्य आमंत्रित नहीं किए जाएंगे। यह पूरी तरह से राष्ट्रीय समारोह होगा। इमरान खान के कुछ करीबी दोस्तों को आमंत्रित किया जाएगा।' चौधरी ने कहा कि समारोह में किसी प्रकार की फिजूलखर्ची नहीं होगी।
न मोदी, न चिनफिंग, साधा होगा शपथ समारोह:-आपको बता दें कि शपथ ग्रहण में विदेशी नेताओं को बुलाने को लेकर PTI ने पाकिस्तान के विदेश मंत्रालयों से पूछा था. जिसके बाद अब विदेश मंत्रालय का जवाब आया है। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने गुरुवार को कहा कि इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में किसी भी विदेशी नेता को नहीं बुलाया जा रहा है। इससे साफ जाहिर है कि न तो इस समारोह में गावस्कर, कपित देव जैसे करीबियों को बुलाया जा रहा है। साथ ही, इमरान प्रधानमंत्री मोदी को भी न्योता नहीं देंगे। इसके अलावा पाकिस्तान के खास दोस्त चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग को भी आधिकारिक न्योता नहीं दिया जाएगा।
भारत के साथ बेहतर संबंध;-बता दें कि 25 जुलाई को नेशनल असेंबली के लिए हुए चुनावों में इमरान खान की तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआइ) सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है और अब वे देश के अगले प्रधानमंत्री बनने जा रहे हैं। चुनाव परिणाम आने के बाद जब यह साफ हो गया कि इमरान अगले पीएम होंगे, उस वक्त उन्होंने अपने विजयी भाषण में भारत के साथ बेहतर संबंध बनाने की आशा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच अच्छे संबंध सभी के लिए बेहतर होंगे। उन्होंने दावा किया था कि उनके पास किसी अन्य पाकिस्तानी नेता की तुलना में भारत में अधिक दोस्त हैं। उन्होंने संबंधों में सार्थक प्रगति के लिए कश्मीर विवाद समेत दोनों देशों के बीच मुख्य मुद्दों के समाधान के लिए भी कहा। उन्होंने कहा कि यदि भारतीय नेतृत्व तैयार हैं तो इस्लामाबाद भी नई दिल्ली के साथ संबंध सुधारने के लिए तैयार है।
गावस्कर-कपिल देव से अच्छे संबंध:-बता दें कि इमरान के शपथ ग्रहण समारोह में सुनील गावस्कर के जाने की बात इसलिए भी सामने आई क्योंकि गावस्कर के इमरान के साथ अच्छे संबंध रहे हैं। वे उन्हें छोटा भाई कहकर बुलाते हैं। उनका इमरान के साथ सौहार्दपूर्ण संबंध रहा है। इसी प्रकार कपिल देव 1980 के दशक में चार प्रोफेशनल क्रिकेटरों के समूह के बीच वर्ल्ड क्लास ऑलराउंडर्स में से एक हैं। अन्य इमरान खान, इयान बॉथम और सर रिचर्ड हैडली थे। हालांकि प्रोफेशनल प्रतिद्वंद्वी थे, लेकिन स्टेडियम के बाहर वे अच्छे दोस्त थे। इस बीच कपित देव ने भी यह साफ कर दिया है कि उन्हें कोई आमंत्रण नहीं मिला है। उन्होंने कहा, 'मुझे आमंत्रण की अभी तक कोई जानकारी नहीं है, लेकिन अगर मुझे आमंत्रित किया जाएगा, तो मैं निश्चित रूप से शपथ ग्रहण समारोह (इमरान खान) के लिए वहां जाऊंगा (पाकिस्तान)।'
मोदी के शपथग्रहण में शरीक हुए थे शरीफ:-याद हो तो साल 2014 में जब नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी, तब तत्कालीन पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को भी आमंत्रित किया गया था। उस वक्त शरीफ शपथ समारोह में शामिल होने दिल्ली आए भी थे। इसके बाद दिसंबर, 2015 में नवाज शरीफ को जन्मदिन की बधाई देने के लिए थोड़ी देर के लिए पीएम मोदी लाहौर भी गए थे। हालांकि बाद में भारत और पाकिस्तान के बीच संबंध तनावपूर्ण होते चले गए और लगातार सीजफायर उल्लंघन व कश्मीर में पाकिस्तान की दखलअंदाजी के चलते दोनों देशों के बीच कोई द्विपक्षीय वार्ता नहीं हो सकी।

वाशिंगटन। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा ने नवंबर में होने वाले संसदीय चुनाव के लिए भारतीय-तिब्बती मूल के अमेरिकी नागरिक आफताब पुरेवाल का समर्थन किया है। पुरेवाल का नाम पूर्व राष्ट्रपति द्वारा जारी 80 से अधिक डेमोक्रेटिक प्रत्याशियों की पहली सूची में है।पुरेवाल (35) ओहायो से प्रतिनिधि सभा में जाना चाहते हैं। यह पहला कांग्रेसनल जिला है। विभिन्न पदों के लिए नवंबर में होने वाले मध्यावधि चुनाव में भाग्य आजमाने वाले 81 प्रत्याशियों की सूची में पुरेवाल एकमात्र भारतीय-तिब्बती मूल के अमेरिकी हैं।ओबामा ने अपनी पहली सूची जारी करते हुए कहा कि मुझे प्रभावशाली डेमोक्रेटिक उम्मीदवारों का समर्थन करते हुए गर्व महसूस हो रहा है। इसमें देशभक्त और बड़े दिल वाले लोग शामिल हैं, जो अमेरिका का प्रतिनिधित्व करना चाहते हैं। इनमें से एक चौथाई लोग अमेरिकी संसद के लिए उम्मीदवार हैं।स्थानीय मीडिया के मुताबिक, पुरेवाल रिपब्लिकन नेता स्टीव शैबोट की जगह कांग्रेस जाना चाहते हैं, जो 11वीं बार ओहायो का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।

काबुल। अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में बुधवार को अज्ञात बंदूकधारियों ने एक भारतीय नागरिक समेत तीन विदेशियों की अगवा कर हत्‍या कर दी। आतंकियों ने अंतरराष्ट्रीय फूड कंपनी में काम करने वाले तीन विदेशियों को अगवा करके उनकी हत्या कर दी। यह जानकारी सुरक्षा अधिकारियों और राजनयिक ने दी है।काबुल के एक वरिष्ठ राजनयिक ने बताया कि फूड और कैटरिंग की विश्व की दूसरे सबसे बड़ी कंपनी सोडेक्सो के लिए तीनों काम करते थे। इनमें से एक भारतीय नागरिक भी है।मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, मृतकों में एक भारतीय, एक मलेशियाई और एक मैकडोनियन नागरिक हैं। बुधवार सुबह अगवा इन तीनों नागरिकों का शव काबुल के मुस्‍साही जिले में मिला। इन सबको काबुल के पीडी9 एरिया से अगवा किया गया था।

 

वाशिंगटन। वर्ष 1950 से 1953 तक चले कोरियाई युद्ध में मारे गए अमेरिकी सैनिकों के अवशेष गुरुवार को अमेरिका पहुंच गए। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अवशेष लौटाने के लिए उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन को धन्यवाद देते हुए जल्द ही फिर मिलने की उम्मीद जताई है।ट्रंप ने ट्विटर पर लिखा, 'हमारे महान और अजीज सैनिकों के अवशेष लौटाने का अपना वादा पूरा करने के लिए धन्यवाद किम जोंग उन। आशा करता हूं कि हम जल्द मिलेंगे।' ट्रंप और किम के बीच गत 12 जून को सिंगापुर में हुई ऐतिहासिक मुलाकात के दौरान इस पर सहमति बनी थी। 50 बक्सों में रखे सैनिकों के ये अवशेष दक्षिण कोरिया से एक विमान के जरिये अमेरिका के हवाई प्रांत स्थित नौसैनिक अड्डे पर्ल हार्बर पर लाए गए। इस मौके पर उप राष्ट्रपति माइक पेंस की मौजूदगी में एक कार्यक्रम आयोजित कर कोरियाई युद्ध में जान गंवाने वाले अमेरिकी सैनिकों को याद किया गया।पेंस के पिता ने भी कोरियाई युद्ध में हिस्सा लिया था। पेंस ने कहा, 'डीएनए के जरिये अवशेषों की पहचान कर उन्हें सैनिकों के परिजनों को लौटाया जाएगा। उत्तर कोरिया के साथ मिलकर अमेरिका अन्य लापता या मारे गए अमेरिकी सैनिकों की तलाश करेगा।' कोरियाई युद्ध में अमेरिका ने उत्तर कोरिया के खिलाफ दक्षिण कोरिया का साथ दिया था जबकि चीन ने उत्तर कोरिया का। इस युद्ध में अमेरिका के 5300 सैनिक मारे गए या लापता हो गए थे।

यरूशलम। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने बुधवार को चेताते हुए कहा कि वह बाब अल-मन्देब मार्ग को अवरुद्ध करना बंद करे। नेतन्याहू ने हनीफा शहर में नौसैन्य अधिकारियों के ग्रैजुएशन समारोह के दौरान कहा, "यदि ईरान बाब-अल-मन्देब मार्ग को अवरुद्ध करना बंद कर देगा तो इजरायल अंतर्राष्ट्रीय गठंबधन के सहयोग से इसका तोड़ निकालेगा।"उन्होंने कहा, "इस गठबंधन में इजरायल और उसकी समस्त सेना शामिल होगी।" इजरायल के रक्षा मंत्री एविग्डर लिबरमैन ने कहा, "इजरायल ने हाल ही में लाल सागर में इजरायली जहाजों को नष्ट करने की धमकी सुनी है।"गौरतलब है कि बाब अल-मन्देब मालवाहक जहाजों और तेल टैंकरों के आवागमन के लिए लाल सागर को अदेन की खाड़ी से जोड़ने वाला प्रमुख समुद्री मार्ग है, जिसके बाधित होने से कारोबार बाधित होगा।

लंदन। ब्रिटिश वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि बरमूडा ट्राइएंगल के रहस्‍यों को सुलझा लिया गया है। वैज्ञानिकों का दावा है कि 100 फीट ऊंची खतरनाक लहरें इसका कारण हो सकती हैं जिसके कारण समुद्री नाव इस रहस्‍यमयी बरमूडा ट्राइएंगल में गुम हो जाती हैं।दुनिया की रहस्‍यमयी जगह- बरमूडा ट्राइएंगल:-बता दें कि इस क्षेत्र से गुजरने वाले हुए समुद्री विमान और प्लेन अचानक गायब हो जाते हैं। यह दुनिया का…
न्यूयॉर्क। भारतीय मूल के गणितज्ञ अक्षय वेंकटेश को गणित का नोबेल कहे जाने वाले फील्ड्स मेडल से नवाजा गया है। दिल्ली में जन्मे अक्षय को गणित में विशिष्ट योगदान के लिए यह पुरस्कार प्रदान किया गया। वह दो साल की उम्र में अपने माता-पिता के साथ दिल्ली से ऑस्ट्रेलिया जाकर पर्थ शहर में बस गए थे।रियो डी जेनेरियो में बुधवार को गणितज्ञों की अंतरराष्ट्रीय कांग्रेस में 36 वर्षीय वेंकटेश को…
हेरात। पश्चिमी अफगानिस्तान के फराह प्रांत में मंगलवार को एक बम धमाके में 11 लोगों की मौत हो गई। इसमें 31 लोग घायल हो गए जिसमें ज्यादातर बच्चे और महिलाएं शामिल हैं।फराह प्रांत के पुलिस प्रवक्ता के अनुसार तालिबान ने सुरक्षा बलों को निशाना बनाने के लिए बाला बुलुक जिले की एक सड़क पर बम रखा था, लेकिन इसकी चपेट में एक यात्री बस आ गई। बस हेरात प्रांत से…
वाशिंगटन। अमेरिका ने मंगलवार को कहा कि एच-1बी वीजा के लिए चयनित नहीं होने वाले सभी आवेदनों को लौटा दिया गया है। यह वीजा भारतीय आइटी पेशेवरों में खासा लोकप्रिय है। वीजा आवेदनों का चयन कंप्यूटर द्वारा लॉटरी प्रणाली से किया जाता है।अमेरिका सिटिजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेज (यूएससीआइएस) ने कहा कि वर्ष 2019 के लिए चयनित नहीं हो पाने वाले सभी आवेदनों को लौटाया गया है। एच-1बी वीजा के लिए…
Page 7 of 313

हमारे बारे में

नार्थ अमेरिका में भारत की राष्ट्रीय भाषा 'हिन्दी' का पहला समाचार पत्र 'हम हिन्दुस्तानी' का शुभारंभ 31 अगस्त 2011 को न्यूयॉर्क में भारत के कौंसल जनरल अम्बैसडर प्रभु दियाल ने अपने शुभ हाथों से किया था। 'हम हिन्दुस्तानी' साप्ताहिक समाचार पत्र के शुभारंभ का यह पहला ऐसा अवसर था जब नार्थ अमेरिका में पहला हिन्दी भाषा का समाचार पत्र भारतीय-अमेरिकन्स के सुपुर्द किया जा रहा था। यह समाचार पत्र मुख्य सम्पादकजसबीर 'जे' सिंह व भावना शर्मा के आनुगत्य में पारिवारिक जिम्मेदारियों को निर्वाह करते हुए निरंतर प्रकाशित किया जा रहा है Read more....

ताज़ा ख़बरें