नई दिल्ली - प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम और अन्य के खिलाफ सीबीआई की हालिया एफआईआर पर संज्ञान लेते हुए मनी लॉन्ड्रिंग का एक मामला दर्ज किया है।
अधिकारियों ने कहा कि ईडी ने कार्ति, आईएनएक्स मीडिया और इसके निदेशकों पीटर एवं इंद्राणी मुखर्जी समेत सीबीआई की शिकायत में नामजद आरोपियों के खिलाफ एक प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ईसीआईआर) दर्ज की जो पुलिस एफआईआर के बराबर है। उन्होंने बताया कि धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत ईसीआईआर दर्ज की है।
अधिकारियों ने बताया कि ईडी इस मामले में किए गए अपराध से मिले लाभ संबंधी आरोप की जांच करेगा और विभिन्न आरोपियों की संपत्ति भी कुर्क की जा सकती है। ईडी ने आईएनएक्स मीडिया के कथित अवैध भुगतान की सूचना मुहैया कराई थी, जिसके आधार पर सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की थी।
सीबीआई ने कर जांच को विफल करने के लिए इंद्राणी एवं पीटर मुखर्जी के स्वामित्व वाली एक कंपनी से कथित तौर पर धन हासिल करने के मामले में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम के चार शहरों में आवास और कायार्लयों पर मंगलवार को छापे मारे थे।
पी चिंदबरम और कार्ति ने इन आरोपों को खारिज किया है। सीबीआई ने आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी, रिश्वत हासिल करने, लोक सेवकों को प्रभावित करने और आपराधिक कदाचार के आरोपों में प्राथमिकी दर्ज की थी।
यह आरोप है कि कार्ति ने आईएनएक्स मीडिया से उसके खिलाफ मॉरीशस से निवेश हासिल करने के लिए विदेशी निवेश प्रमोशन बोर्ड (एफआईपीबी) की शर्तों का उल्लंघन करने को लेकर चल रही कर जांच में हेर-फेर करने के लिए अपने प्रभाव का इस्तेमाल करने के लिए धन हासिल किया।
सीबीआई के 10 लाख रुपए के वाउचर भी मिले थे जो सेवाओं के बदले कथित रूप से दिए गए थे। सीबीआई ने आरोप लगाया था कि ये वाउचर एडवांटेज स्ट्रैटजिक कंसल्टिंग प्राइवेट लिमिटेड को दिए गए थे। इस कंपनी पर परोक्ष रूप से कार्ति का स्वामित्व है। सीबीआई की 16 मई को छापेमारी के बाद पी चिदंबरम ने जवाब में कठोर वक्तव्य जारी करके कहा कि सरकार उनके बेटे को निशाना बनाने के लिए सीबीआई और अन्य एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने कहा कि एफआईपीबी मंजूरी सैकड़ों मामलों में दी गई। सीबीआई ने कार्ति, उनकी कंपनी चेस मैनेजमेंट सर्विसेज, इंद्राणी और पीटर मुखर्जी (फिलहाल अपनी बेटी शीना बोरा की हत्या के आरोप में जेल में बंद), एडवांटेज स्ट्रैटजिक कंसल्टिंग सर्विसेज और उसकी निदेशक पदमा विश्वनाथन के खिलाफ केस दर्ज किया है।

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