नई दिल्ली - दूरसंचार सेवा प्रदाता कंपनी रिलायंस जिओ ने 3,250 करोड़ रुपये के सावधिक समुराई ऋण जुटाने के लिए जापान के बैंकों के साथ करार किया है। समुराई ऋण ऐसे ऋण को कहा जाता है जो जापानी बैंक कम ब्याज दर पर देते हैं।
कंपनी ने कल देर रात जारी बयान में कहा, 'रिलायंस जिओ इंफोकॉम लिमिटेड ने करीब 53.5 अरब येन का सावधि ऋण जुटाने का करार किया है जो सात साल में परिपक्व होगा। इसके लिए रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने गारंटी दी है और इसका इस्तेमाल रिलायंस जिओ के पूंजीगत खर्चों की पूर्ति के लिए किया जाएगा।' 60 पैसे प्रति येन की विनिमय दर पर रिण की कुल राशि करीब 3,248 करोड़ रुपये होगी। बयान में कहा गया, 'यह किसी एशियाई कंपनी को दिया गया सबसे बड़ा समुराय ऋण है।
कंपनी ने कहा है कि उसे यह रिण सुविधा मिजुहो बैंक लिमिटेड, एमयूएफजी बैंक लिमिटेड और सुमितोमो मित्सुई बैंकिंग कॉरपोरेशन की सिंगापुर शाखा से मिलेगी। इसके लिए ये बैंक जल्दी ही सामूहिक तालमेल बिठाएंगे। कंपनी के निदेशक मंडल ने करीब 20 हजार करोड़ रुपये का ऋण जुटाने को पिछले ही महीने मंजूरी दी थी। कंपनी ने मोबाइल कारोबार में दो लाख करोड़ रुपये से अधिक निवेश किया है जिससे उसे 16.8 करोड़ उपभोक्ता मिले हैं।
रिलायंस जियो इस समय 4जी सेवाएं दे रही है। उसका कहना है कि वह भविष्य में अपने नेटवर्क को मोबाइल संचार की 5जी और 6जी प्रौद्योगिकी के लिए बहुत आसानी से उन्नत कर लेगी

Share this article

AUTHOR

Editor

हमारे बारे में

नार्थ अमेरिका में भारत की राष्ट्रीय भाषा 'हिन्दी' का पहला समाचार पत्र 'हम हिन्दुस्तानी' का शुभारंभ 31 अगस्त 2011 को न्यूयॉर्क में भारत के कौंसल जनरल अम्बैसडर प्रभु दियाल ने अपने शुभ हाथों से किया था। 'हम हिन्दुस्तानी' साप्ताहिक समाचार पत्र के शुभारंभ का यह पहला ऐसा अवसर था जब नार्थ अमेरिका में पहला हिन्दी भाषा का समाचार पत्र भारतीय-अमेरिकन्स के सुपुर्द किया जा रहा था। यह समाचार पत्र मुख्य सम्पादकजसबीर 'जे' सिंह व भावना शर्मा के आनुगत्य में पारिवारिक जिम्मेदारियों को निर्वाह करते हुए निरंतर प्रकाशित किया जा रहा है Read more....

ताज़ा ख़बरें